कुचामन सिटी. नगर परिषद की साधारण सभा की बैठक में पक्ष और विपक्ष आमने-सामने हो गए। एजेंडे को लेकर दोनों के बीच घमासान देखने को मिला। इसी बीच, कुचामन नगर परिषद के उपसभापति रहे हेमराज चावला ने इस मामले पर एक बयान जारी किया है।


कुचामन सिटी: सभापति सुरेश सिखवाल को अपनी पहली बोर्ड बैठक में ही विपक्ष ने घेरा

कुचामन नगर परिषद के उपसभापति रहे हेमराज चावला और नगर कांग्रेस अध्यक्ष सुतेन्द्र सारस्वत ने संयुक्त रूप से बताया कि नगर परिषद के समाप्त हो रहे कार्यकाल के एक दिन पहले जल्दबाजी में मनमाने / जनविरोधी प्रस्ताव पारित कराने का प्रयास आगामी निकाय चुनावों से पूर्व क्षेत्र में धार्मिक उन्मादी व साम्प्रदायिक विचार आधारित माहौल बनाने की कुत्सित योजना प्रतीत होती है, जो सर्वत्र निन्दनीय है।
कुचामन कस्बे में पीढ़ियों से सभी लोग आपसी मेलजोल एवं सौहार्द से रहते आए हैं। यहाँ अब तक जो नहीं हुआ है। वैसा धार्मिक उन्मादी माहौल कतई स्वीकार नहीं किया जा सकता।

कुचामन नगर परिषद क्षेत्र में विनायक कॉम्प्लेक्स से शिव मंदिर, अम्बेडकर सर्किल से लुहारिया बास होते हुए गौशाला तक मार्ग से अतिक्रमण हटाकर सड़क चौड़ीकरण व सब्जी मंडी के अतिक्रमण हटाकर मंडी को स्थानांतरित किए जाने जैसे प्रस्तावों की कोई आवश्यकता नहीं है। इन क्षेत्रों में सभी के पट्टाशुदा मकानात और प्रतिष्ठान हैं। यदि फिर भी मकानों और प्रतिष्ठानों के आगे सीढ़ियाँ, छप्पर, टेंट, हाथ ठेला, पटरी इत्यादि का कोई अतिक्रमण हो तो समझाइश से ही कालांतर की तरह हटाया जा सकता है।
इन क्षेत्रों में सड़क चौड़ीकरण करना एकदम असंभव है क्योंकि जब कुचामन नगर परिषद क्षेत्र में सत्र 2018 से जीरो सैटबैक राजस्थान राजपत्र में प्रकाशित कराने के बाद पारित कराकर प्रभावी हो चुका है और उपरोक्त सभी क्षेत्र पहले से ही जीरो सैटबैक परिधि क्षेत्र में स्थित हैं।
अधूरे कार्यों को देनी चाहिए प्राथमिकता
हेमराज चावला और सुतेन्द्र सारस्वत ने बताया कि यदि कुचामन क्षेत्र में ईमानदारी से यातायात व्यवस्था दुरुस्त कर अतिक्रमण हटाकर सड़कों का चौड़ीकरण करना है तो नगर परिषद के पूर्व के अधूरे कार्यों को पूर्ण किया जाना चाहिए।
इसके अतिरिक्त नगर परिषद की अंतिम बैठक के प्रस्तावित क्षेत्रों में अम्बेडकर सर्किल से गौशाला तक तेलियों की मस्जिद, लुहारों की मस्जिद, जमातखाना, गुर्जर मोहल्ला, भैरूजी मंदिर, विनायक कॉम्प्लेक्स से शिव मंदिर सड़क चौड़ीकरण में रविदास सर्किल, गंगामाता मंदिर, रामदेव मंदिर, इत्यादि धार्मिक स्थान और क्षेत्र में दलित वर्ग के रहवासी मकानात व प्रतिष्ठान स्थापित हैं।
आगामी चुनावों के लिए धार्मिक माहौल बनाने की कुत्सित साजिश
उपरोक्त प्रस्तावों के माध्यम से आगामी निकाय चुनाव से पूर्व धार्मिक उन्माद विचार आधारित छवि बनाने व क्षेत्रीय लोगों को गुमराह करने का कुत्सित प्रयास मात्र है। कुचामन नगर परिषद क्षेत्र के प्रत्येक धार्मिक स्थलों, मकानों व प्रतिष्ठानों को नाजायज तरीके से तोड़े जाने के किसी भी प्रयास का हर स्तर पर क्षेत्रीय आमजनों के साथ विरोध किया जाएगा।






