कुचामन सिटी में शहरी सेवा शिविर जो 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक मुख्यमंत्री के निर्देश पर चलाया जा रहा है। आज पूरी तरह से लचर दिखाई दिया। मौके पर ना तो कोई अधिकारी मौजूद था और ना ही ऐसे कर्मचारी जो जनता की समस्याएं सुनकर उनका समाधान कर सके।


लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा और अधिकांश बिना किसी समाधान के अपने घर लौट गए। इससे पहले भी नगर परिषद नेता प्रतिपक्ष अनिल सिंह मेड़तिया ने इस शिविर को लेकर सवाल उठाए थे और कहा था कि अधिकारियों द्वारा जनता की समस्याओं का समाधान नहीं किया जा रहा है।

आज की तस्वीरें और खाली कुर्सियां साफ बता रही हैं कि शिविर का समापन कल होना है, लेकिन अधिकारी आज ही अपनी जिम्मेदारियों से पल्ला झाड़ चुके हैं। यह स्पष्ट लापरवाही है, क्योंकि यह शिविर जनता की समस्याएं सुनने और उनका समाधान करने के लिए लगाया गया था। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के आदेश पर आयोजित इस शिविर में जनता को अधिकारियों का इंतजार करना पड़ा, लेकिन कोई काम नहीं हो सका।






