नावां: मारोठ थाना क्षेत्र के मिंडा पंचायत स्थित ठीकरिया खुर्द मामले में रास्ता रोककर धारदार हथियारों से किए गए जानलेवा हमले के आरोपियों की अब तक गिरफ्तारी नहीं होने से ग्रामीणों में भारी आक्रोश व्याप्त है।


घटना के 10 दिन बीत जाने के बावजूद पुलिस द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं किए जाने पर मिंडा, भीवपुरा सहित आसपास के गांवों के ग्रामीणों ने नावां पहुंचकर उपखंड अधिकारी दिव्या सोनी को ज्ञापन सौंपा।

ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि तीन दिन के भीतर आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया गया तो चौथे दिन से उग्र आंदोलन किया जाएगा। ज्ञापन जिला कलक्टर और मुख्यमंत्री के नाम भी सौंपा गया। वहीं डिप्टी मुकेश चौधरी ने पुलिस अधीक्षक के नाम ज्ञापन दिया तथा ग्रामीणों ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विमल नेहरा से भी मुलाकात कर जल्द कार्रवाई की मांग की।
कार से उतारकर कुल्हाड़ी व सरियों से हमला :-
ज्ञापन में बताया गया कि 4 अप्रैल की रात करीब 9:15 बजे रामकुमार और शिशपाल पुत्र मोहनलाल जाट निवासी भीवपुरा, स्विफ्ट कार से पचकोड़िया से अपने गांव लौट रहे थे। इसी दौरान पगल्या वाले महाराज मंदिर के पास एक बोलेरो ने उनकी कार को रोक लिया।

कार से उतरे आरोपियों राजेन्द्र कुमार लुहाच, हरेन्द्र कुमार लुहाच, राकेश लुहाच व एक अन्य व्यक्ति ने गाली-गलौच करते हुए शिशपाल को जबरन कार से नीचे उतारा और कुल्हाड़ी व सरियों से जानलेवा हमला कर दिया। हमले में शिशपाल के सिर पर गंभीर चोट आई, पैर में दो जगह व कंधे पर फ्रैक्चर हो गया, साथ ही कुल्हाड़ी के गहरे घाव भी आए।
हमलावर शिशपाल को मृत समझकर मौके से फरार हो गए। घटना के बाद मामला मारोठ थाने में दर्ज किया गया, लेकिन अब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने से ग्रामीणों में रोष बढ़ता जा रहा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से शीघ्र कार्रवाई की मांग करते हुए आंदोलन की चेतावनी दी है।
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