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कुचामन सिटी: सरकारी पुस्तकों पर आपातकालीन हेल्पलाइन और QR कोड अंकित करने की मांग, केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल को सौंपा ज्ञापन

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कुचामन सिटी. अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत के प्रतिनिधिमंडल ने जनहित एवं उपभोक्ता सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों को लेकर केंद्रीय कानून एवं न्याय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल को ज्ञापन सौंपा।

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ज्ञापन में मांग की गई कि देशभर में सरकार द्वारा प्रकाशित एवं निःशुल्क वितरित की जाने वाली पाठ्यपुस्तकों, अध्ययन सामग्री तथा अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं के तहत वितरित सामग्री पर प्रमुख आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर अनिवार्य रूप से अंकित किए जाएं।

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इसके साथ ही एक एकीकृत QR कोड भी मुद्रित किया जाए, जिसे स्कैन करते ही नागरिकों को सभी महत्वपूर्ण सरकारी हेल्पलाइन, आपातकालीन सेवाओं और ऑनलाइन शिकायत पोर्टलों की अद्यतन जानकारी एक ही स्थान पर उपलब्ध हो सके।

विद्यार्थियों, महिलाओं और ग्रामीणों को होगा लाभ

प्रतिनिधिमंडल ने ज्ञापन में बताया कि यह पहल विशेष रूप से विद्यार्थियों, महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों एवं ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों के लिए अत्यंत उपयोगी साबित होगी। इससे आपातकालीन परिस्थितियों में लोगों को समय पर सहायता प्राप्त करने में आसानी होगी।

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इस अवसर पर केंद्रीय विधि आयाम प्रमुख संदीप पांडे ने कहा कि कानून तभी प्रभावी होता है, जब उसकी उपयोगिता आम नागरिक तक सरल रूप में पहुंचे। सरकारी पुस्तकों एवं जनकल्याणकारी सामग्री पर हेल्पलाइन नंबर और QR कोड अंकित करना नागरिक सुरक्षा एवं विधिक जागरूकता की दिशा में दूरदर्शी और व्यावहारिक कदम होगा।

क्षेत्रीय सह संगठन मंत्री डॉ. शिवकुमार व्यास ने कहा कि ग्राहक पंचायत केवल समस्याएं उठाने तक सीमित नहीं है, बल्कि शासन को ऐसे रचनात्मक सुझाव भी देती है जो सीधे आमजन के जीवन को सुरक्षित और सुगम बनाते हैं। यह प्रस्ताव डिजिटल इंडिया और सुशासन की भावना को मजबूत करेगा।

बिना अतिरिक्त खर्च के बढ़ेगी जनजागरूकता

प्रांत कार्यकारिणी सदस्य कृष्ण पारीक ने कहा कि राज्य और केंद्र सरकार हर वर्ष करोड़ों पुस्तकों एवं अन्य सामग्री का वितरण करती हैं। यदि इन्हीं माध्यमों से प्रत्येक नागरिक तक आपातकालीन सेवाओं की जानकारी पहुंचे, तो बिना किसी अतिरिक्त खर्च के व्यापक जनजागरूकता अभियान सफल हो सकता है।

प्रांत कार्यकारिणी सदस्य रक्षेंद्र ओझा ने कहा कि ग्राहक का हित केवल बाजार तक सीमित नहीं है, बल्कि उसकी सुरक्षा, जागरूकता और समय पर सहायता उपलब्ध कराना भी उतना ही आवश्यक है। यह पहल जनहित में प्रभावी कदम सिद्ध होगी।

आपात सेवाओं तक होगी त्वरित पहुंच

जिला विधि आयाम प्रमुख एडवोकेट ओम प्रकाश पारीक ने कहा कि हेल्पलाइन नंबरों और QR कोड के माध्यम से नागरिकों को पुलिस, चिकित्सा, महिला सुरक्षा, बाल संरक्षण, साइबर अपराध सहित अन्य आवश्यक सेवाओं तक तत्काल पहुंच मिलेगी। इससे आपातकालीन परिस्थितियों में बहुमूल्य समय की बचत होगी।

अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत ने केंद्रीय कानून मंत्री से आग्रह किया कि इस जनहितकारी सुझाव पर संबंधित मंत्रालयों एवं विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर आवश्यक नीति-निर्णय लिए जाएं, ताकि भविष्य में प्रकाशित एवं निःशुल्क वितरित होने वाली सभी सरकारी सामग्री पर यह व्यवस्था लागू की जा सके।

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