कुचामन सिटी. डिफेंस एकेडमियों द्वारा फीस रिफंड में कथित मनमानी और छात्रों के आर्थिक शोषण के विरोध में सोमवार को भगतसिंह यूथ ब्रिगेड ने कुचामन उपखंड कार्यालय पहुंचकर प्रशासनिक अधिकारी के माध्यम से जिला कलक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा।


साथ ही ज्ञापन की प्रतिलिपि जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग एवं उपखंड अधिकारी (SDM) को भी कार्रवाई हेतु सौंपी गई।

ज्ञापन में बताया गया कि सोशल मीडिया और अन्य संचार माध्यमों से प्राप्त जानकारी के अनुसार कुचामन सिटी में संचालित कई डिफेंस एकेडमियां प्रवेश के समय छात्रों से 80 हजार से 1 लाख रुपए तक की फीस वसूल रही हैं।
10-15 दिन में कोर्स छोड़ने पर नहीं मिलता रिफंड
ब्रिगेड के अनुसार यदि कोई छात्र 10 से 15 दिनों के भीतर किसी कारणवश कोर्स छोड़ देता है, तो उसे फीस वापस नहीं दी जाती। “नॉन-रिफंडेबल” जैसी शर्तों का हवाला देकर फीस रोकना छात्र हितों के खिलाफ बताया गया है।

ब्रिगेड ने इसे सीधे तौर पर उपभोक्ता अधिकारों का उल्लंघन बताते हुए प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग की है।
ज्ञापन में मांग की गई है कि संबंधित एकेडमियों की जांच कर उनकी फीस संरचना और नियमों की समीक्षा की जाए। साथ ही कम समय में कोर्स छोड़ने वाले छात्रों को नियमानुसार फीस रिफंड दिलाया जाए और एकतरफा “नॉन-रिफंडेबल” शर्तों पर रोक लगाई जाए।
युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ – बुगालिया
भगतसिंह यूथ ब्रिगेड के प्रदेश अध्यक्ष एवं विश्व जाट महासभा के प्रदेश उपाध्यक्ष परसाराम बुगालिया ने कहा कि यह केवल फीस का मुद्दा नहीं, बल्कि देश के भविष्य से जुड़ा गंभीर विषय है। उन्होंने कहा कि युवा अपने सपनों और परिवार की मेहनत की कमाई लेकर इन एकेडमियों में जाते हैं, लेकिन उनके साथ अन्याय हो रहा है।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समय रहते इस पर सख्त कार्रवाई नहीं हुई, तो यह प्रवृत्ति और बढ़ेगी। ब्रिगेड छात्रों के हक के लिए हर स्तर पर संघर्ष करेगा और आवश्यकता पड़ने पर बड़ा जनआंदोलन भी किया जाएगा।
इस दौरान एडवोकेट मनजीत गांधी कुकनवाली, रामकिशन सिसोदिया, बजरंग लाल और पिंटू कुचामन सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
कुचामन सिटी: ब्राह्मण महासभा को मिला नया नेतृत्व, मनोज जोशी बने नगर अध्यक्ष






