डीडवाना. राजस्थान सरकार ने अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम के तहत मामलों की त्वरित सुनवाई सुनिश्चित करने के उद्देश्य से डीडवाना (जिला डीडवाना-कुचामन) में विशेष न्यायालय का गठन किया है।


विधि एवं विधिक कार्य विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार डीडवाना में अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश को अपने राजस्व जिले की क्षेत्रीय सीमाओं के लिए विशिष्ट न्यायालय (एससी-एसटी अत्याचार निवारण प्रकरण) के रूप में नामित किया गया है।

इसके अलावा राज्य सरकार ने खैरथल में जिला एवं सेशन न्यायाधीश, जबकि फलौदी, डीग और सलूम्बर में अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीशों को उनके-अपने राजस्व जिलों के लिए एससी-एसटी अत्याचार निवारण मामलों हेतु विशेष न्यायालय के रूप में गठित किया है।
इसी क्रम में ब्यावर में अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश संख्या-1 तथा कोटपूतली में अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश संख्या-1 को भी विशिष्ट न्यायालय की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

अधिसूचना के तहत बाड़मेर में गठित विशेष न्यायालय का क्षेत्राधिकार राजस्व जिला बाड़मेर तथा बालोतरा में गठित विशेष न्यायालय का क्षेत्राधिकार राजस्व जिला बालोतरा निर्धारित किया गया है।
यह निर्णय भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 तथा एससी-एसटी अत्याचार निवारण अधिनियम, 1989 के प्रावधानों के अंतर्गत मुख्य न्यायाधीश, राजस्थान उच्च न्यायालय की सहमति से लिया गया है।






